Explore topic-wise InterviewSolutions in Current Affairs.

This section includes 7 InterviewSolutions, each offering curated multiple-choice questions to sharpen your Current Affairs knowledge and support exam preparation. Choose a topic below to get started.

1.

निम्नलिखित मुहावरे एवं लोकोक्तियों को पूर्ण कीजिए--1) अकेला चना भाड़- 2) एक मछली पूरे तालाब को- 3) चलती का नाम- 4) बिना मांगे मोती मिले मांगे- 5) मुँह में - 6) आंखों का -7) बकरे की मां कब तक -8) सांच को

Answer»

♠ उत्तर :
________

1 ). अकेला चना भाड़ नहीं फोड़ सकता।

2 ). एक मछली पूरे तालाब को गन्दा कर देती है।

3 ). चलती का नाम जिन्दगी।

4 ). बिना मांगे मोती मिले मांगे मिले न सीप।

5 ). मुँह में जीरा।

6 ). आँखो का तारा।

7 ). बकरे की माँ कब तक खैर मनायेगी।

8 ). सांच को आंच नहीं।

2.

Krishan ko girdhar kyu kaha jata hai? Iske peeche konsi katha hai?

Answer»

Krishan ko GIRIDHAR isliye kaha Jata hai KYUNKI UNHONE giri ko arthhat GOVERDHAN ko apni sabse chhoti ungli pr uthaya tha ,iske picche goverdhan ko UTHANE wali hi katha hai.
I hope you understand

3.

Kya matrabhasha ak deshaj word hai

Answer» YES, MatraBhasha is a Deshaj WORD.
4.

अपनी बड़ी बहन को पत्र लिखकर बताइए कि आपने अपने क्षेत्र के लोगो को भारतीय सामान खरीदने के लिए कैसे प्रेरित किया है? i need the answer as fast as possible

Answer»

FIRST WRITE the STATEMENT

5.

When are this days celebrated

Answer» 1)5TH September
2)14TH September
val diwas-14th NOVEMBER
6.

Describe the picture in hindi ( चित्र वन्दन् )

Answer»

यह तस्वीर एक गांव का है। वहां पुरानी महिला का बेटा उसे एक पैसा दे रहा है जिसने अर्जित किया है। वे बहुत गरीब हैं कि वे टूटे हुए कपड़े पहने हुए हैं और गंदे भी हैं

7.

How does tropical cyclone is different from monsoon

Answer»

They differ because tropical storms and hurricanes are form by a low pressure at the surface and a high pressure in the upper ATMOSPHERE. Monsoon s areusually CALLED trade winds WHICHARE a hurricanes worst enemy because they can shear the thunderstorms away from the CENTER and literally choke to DEATH

8.

Deepavali ke Vishay Mein Jankari dete huye Apne Mitra ko Patra likhiye

Answer»

पश्चिम विहार

नई दिल्ली--३४२५६


प्रिय राजेश,


मैं बिल्कुल दावे के साथ कह सकता हूं कि तुम स्वस्थ एवं मस्त हो। सामने दिवाली आ रहा है। जिसे हम दीपों का उत्सव भी कहते हैं। यह त्यौहार तुम्हारे जीवन को भी जगमग दीपों की तरह उज्जवल कर दें।


माता लक्ष्मी की कृपा सदा के लिए तुम्हारे जीवन में बनी रहे। ढेर सारी शुभकामनाएं एवं प्यार के साथ तुमको एवं तुम्हारे पूरे परिवार को मेरे परिवार एवं मेरे ओर से शुभ दिवाली।


तुम्हारा​ यार

मनोज।

mark as BRAINLIST

9.

Dram or kanun me kya antar hai

Answer»

केंद्र और राज्य सरकारों ने विभिन्न उद्योगो के लिए सामान्य रूप से तथा कुछ क्षेत्रों के लिए विशिष्ट रूप से अनेक नीतिगत उपाय, योजनाएं और प्रोत्साहन आरंभ किए हैं। एमएसएमई क्षेत्र के विकास के लिए विभिन्न योजनाएं और नीतियाँ बनाई गई हैं। कुछ योजनाओं का उद्देश्य इस क्षेत्र के लिए  ऋण प्रवाह में वृद्धि है, तो कुछ का उद्देश्य उद्योगों का प्रौद्योगिकी उन्नयन और आधुनिकीकरण तथा रुग्ण इकाइयों का पुनरुज्जीवन आदि है।

क्या आप जानते हैं कि कपड़े की फर्में पूंजीगत सामान की खरीद के लिए टफ्स नामक योजना के अंतर्गत सब्सिडी वाले ऋण के लिए आवेदन कर सकती हैं। क्या आपको मालूम है कि एनएसआईसी लघु उद्योगों के लिए परफोर्मेन्स तथा क्रेडिट रेटिंग योजना चलाता है, जिसके अंतर्गत उन्हें क्रेडिट रेटिंग प्राप्त करने के लिए सब्सिडी दी जाती है।

अपने कारोबार से संबंधित ऐसी विभिन्न योजनाओं और नीतियों के विषय में जानने के लिए यहाँ क्लिक करें

10.

बटोही का पर्यायवाची क्या होता है

Answer»

बाट अर्थात् राह तो बटोही का अर्थ हुआ राहगीर या यात्री
यह कुछ शब्द है जिनका एक ही अर्थ है →

पथिक (PATHIK)

मुसाफिर (Musaphir, musaaphir, MUSAFIR)

कर्मी दल

राही (RAHI, RAHEE)

यात्री (YATRI, yaatree)

11.

"sir par kafan bandhna" muhavre ka matlab kya hota hain?

Answer» SIR PAR khafan bandhna=marne ke LIYE tyaar hona
=(READY to DIE)
12.

भारतीय किसान का सवरूप और उसका जीवन

Answer»

त्याग और तपस्या का दूसरा नाम है किसान । वह जीवन भर मिट्‌टी से सोना उत्पन्न करने की तपस्या करता रहता है । तपती धूप, कड़ाके की ठंड तथा मूसलाधार बारिश भी उसकी इस साधना को तोड़ नहीं पाते । हमारे देश की लगभग सत्तर प्रतिशत आबादी आज भी गांवों में निवास करती है । जिनका मुख्य व्यवसाय कृषि है ।

एक कहावत है कि भारत की आत्मा किसान है जो गांवों में निवास करते हैं । किसान हमें खाद्यान्न देने के अलावा भारतीय संस्कृति और सभ्यता को भी सहेज कर रखे हुए हैं । यही कारण है कि शहरों की अपेक्षा गांवों में भारतीय संस्कृति और सभ्यता अधिक देखने को मिलती है । किसान की कृषि ही शक्ति है और यही उसकी भक्ति है ।

वर्तमान संदर्भ में हमारे देश में किसान आधुनिक विष्णु है । वह देशभर को अन्न, फल, साग, सब्जी आदि दे रहा है लेकिन बदले में उसे उसका पारिश्रमिक तक नहीं मिल पा रहा है । प्राचीन काल से लेकर अब तक किसान का जीवन अभावों में ही गुजरा है । किसान मेहनती होने के साथ-साथ सादा जीवन व्यतीत करने वाला होता है ।

समय अभाव के कारण उसकी आवश्यकतायें भी बहुत सीमित होती हैं । उसकी सबसे बड़ी आवश्यकता पानी है । यदि समय पर वर्षा नहीं होती है तो किसान उदास हो जाता है । इनकी दिनचर्या रोजाना एक सी ही रहती है । किसान ब्रह्ममुहूर्त में सजग प्रहरी की भांति जग उठता है । वह घर में नहीं सोकर वहां सोता है जहां उसका पशुधन होता है ।

उठते ही पशुधन की सेवा, इसके पश्चात अपनी कर्मभूमि खेत की ओर उसके पैर खुद-ब-खुद उठ जाते हैं । उसका स्नान, भोजन तथा विश्राम आदि जो कुछ भी होता है वह एकान्त वनस्थली में होता है । वह दिनभर कठोर परिश्रम करता है । स्नान भोजन आदि अक्सर वह खेतों पर ही करता है । सांझ ढलते समय वह कंधे पर हल रख बैलों को हांकता हुआ घर लौटता है ।

13.

Please write all questions please

Answer»

The February Revolution, Petrograd, 1917 is the most comprehensive book on the EPIC uprising that toppled the tsarist monarchy and ushered in the next stage of the Russian Revolution. Hasegawa presents in detail the intense drama of the nine days of the revolution, including the WORKERS' strike, soldiers' revolt, the scrambling of revolu
tionary party activists to control the revolution, and the liberals’ conspiracy to force Tsar Nicholas II to ABDICATE. Based on his previous work, published in 1981, the author has revised, enlarged, and reinterpreted the complexity of the February Revolution, RESULTING in a MAJOR and timely reassessment on the occasion of its centennia

14.

Example of Karun Ras with explanation

Answer»

These are some EXAMPLES of KARUN RAS

15.

Answer 3)(i) all questions

Answer»

Here is UR ans....HOPE it HELPS U....thanks....☺

16.

हम का उपसर्ग hum hum kare upsarg

Answer»

Hey
______

upsarg - वैसे शबद जो वाकय के पहले जूरकर उसके ARTH MEIN parivarthan LAA DETE है

हम - अहम

Hope HELPED
-----------------------

17.

The folk music from of Lavani is associated with which state?

Answer»

Answer : MAHARASHTRA.

Few lines -

The folk music form of "Lavani" is associated with the state of Maharashtra.

Maharashtra is the state in WESTERN side of the Indian country.

Lavani is popular folk music in Maharashtra State . This folk music is a combination of traditional dance and song . This music is particularly performed to the beats of 'dholak' SOUNDS.

This folk dance performed by the MARATHI women wearing traditional sarees.

18.

महात्मा गांधी के श्रमप्रतिष्ठा और अहिंसा संबंधी विचार पढ़कर चरचा कीजिए

Answer»

✨HEY MATE HERE IS YOUR ANS


महात्मा गाँधी कहते हैं कि एकमात्र वस्तु जो हमें पशु से भिन्न करती है वह है अहिंसा। व्यक्ति हिंसक है तो फिर वह पशुवत है। मानव होने या बनने के लिए अहिंसा का भाव होना आवश्यक है। 

गाँधी जी कहते हैं कि हमारा समाजवाद अथवा साम्यवाद अहिंसा पर आधारित होना चाहिए जिसमें मालिक-मजदूर एवं जमींदार-किसान के मध्य परस्पर सद्भावपूर्ण सहयोग हो। नि:शस्त्र अहिंसा की शक्ति किसी भी परिस्थिति में सशस्त्र शक्ति से सर्वश्रेष्ठ होगी। सच्ची अहिंसा मृत्युशैया पर भी मुस्कराती रहेगी। बहादुरी, निर्भीकता, स्पष्टता, सत्यनिष्ठा, इस हद तक बढ़ा लेना कि तीर-तलवार उसके आगे तुच्छ जान पड़ें, यही अहिंसा की साधना है। शरीर की नश्वरता को समझते हुए, उसके न रहने का अवसर आने पर विचलित न होना अहिंसा है। 

✌️HOPE IT HELPS U ✌️

☺️☺️☺️☺️☺️☺️

19.

Poster making...Vigyapan lekhan...एक जूते की कंपनी में कर्मचारियों की आवश्यकता के लिए विज्ञापन बनाइए।

Answer»

नीड जॉब कांटेक्ट एसवाईजेड कंपनी फॉर शूज मेकिंग सैलेरी 10000 से 12000 8 से 10 घंटे काम।

20.

India ka capital kiya he

Answer» DELHI is the CAPITAL of INDIA
21.

Can anybody provide me a HINDI QUOTE/SLOGAN on road accidents??

Answer» NAZAR HATI DURGHATNA GHATI....
22.

What is ras in hindi grammmer

Answer»

Ras a hindi ARTH H ANAND .jis kaam ko KRNE SAE anand ki anubhuti hoti h usse ras khtae h

23.

Why we should follow traffic rules essay in 150 words in hindi?

Answer»

Hi
सड़क पर पड़ने वाले चौराहों पर अलग अलग रंग की बती लगाई गई है। सबसे उपर लाल बती है जिसका अर्थ है रूकना। पीली बती का अर्थ होता है चलने के लिए तैयार होना और हरी बती का अर्थ है चलना। साईकिल और पद यात्रियों के लिए अलग से रास्ता बनाया गया है। एक तरफा सड़को पर हमें चाहिए कि एक पंक्ति में चले क्योंकि अगर हम पंक्ति तोड़ेंगे तो आने जाने में दिक्कत होगी और ज्यादा देरी लगेगी। कभी भी दुसरे से आगे निकलने की होड़ नहीं रखनी चाहिए क्योंकि दुर्घटना से देरी भली है। यु टर्न लेते समय अपनै से पीछे वाले वाहन चालक को हाथ से ईशारा कर देना चाहिए।

कभी भी बिना पार्किंग के वाहन खड़ा न करे चाहे दो मिनट के लिए ही क्यों न खड़ा करना हो। वाहन को निर्धारित गति सीमा के अंदर ही चलाना चाहिए। दो पहिया वाहन पर दो लोगों को ही बैठना है और हेल्मेट लगाना चाहिए। गाड़ी में भी सीट बैल्ट का प्रयोग अनिवार्य है। जगह जगह पर दिशा दर्शाने के लिए चिन्ह बने हुए है हमें उनका ध्यान रखना चाहिए और सही दिशा में ही वाहन चलाना चाहिए। स्कूल कॉलेज आदि के सामने वाहन की गति कम करनी चाहिए।

24.

Pragati aur vikas ki or badhta bharat

Answer»

शताब्दियों के विदेशी शासन ने भारत को दरिद्र बना दिया है। विदेशी शासन के दौरान कुछ लोग ऐसे रहे होंगे जो अच्छा जीवन बिताते थे किंतु आम जनता की दशा दुखद एवं दयनीय थी। विदेशी शासन से मुक्ति प्राप्त हुई और फिर सरकार के समक्ष देश की आम जनता की दशा सुधारने का अनिवार्य कार्य था। रूस से सबक सीख कर हम ने 1951 से विकास के लिए नियोजन प्रारंभ कर दिया और पंचवर्षीय योजनाओं का निर्माण किया हमने लगभग 7 दशाब्दी से अधिक का नियोजन पूरा कर लिया है हमने बारहवीं पंचवर्षीय योजना को पूरा कर लिया है एवं तेरहवीं पंचवर्षीय योजना के लिए परिचय तथा रणनीति तय कर ली है।


नियोजन की इस अवधि में हमने जीवन के लगभग प्रत्येक क्षेत्र में अच्छी प्रगति की है और 2017 का भारत 1950 के भारत से बहुत भिन्न प्रतीत होता है। हमने कृषि के क्षेत्र में बहुत अच्छी प्रगति की है। हरित क्रांति हो चुकी है और हम खाद्यान्न के मामले में आत्मनिर्भर बन चुके हैं। कृषि के अतिरिक्त जीवन के अन्य क्षेत्रों को भी नियोजन से लाभ पहुंचा है। शैक्षिक सुविधाओं का काफी विस्तार हुआ है। स्कूलों¸ कॉलेजों और विश्वविद्यालयों की संख्या काफी बढ़ गई है। साक्षरता का प्रतिशत भी काफी बड़ा है। चिकित्सीय सुविधाएं भारत के दूरस्थ क्षेत्रों में पहुंच गई है। सैकड़ों हॉस्पिटल और डिस्पेंसरी स्थापित की गई है और औषधियों का भारत में ही निर्माण हो रहा है। भारत में विज्ञान भी प्रगति के पथ पर है। सैकड़ों प्रयोगशालाएं और अनुसंधान केंद्र विभिन्न प्रकार के विषयों पर कार्य करने के लिए स्थापित किए हैं। भारत में औद्योगीकरण तेजी से बढ़ रहा है। भारत उद्योगों द्वारा निर्मित बहुत सी चीजों के बारे में आत्मनिर्भर होता जा रहा है। नाभिकीय एवं अंतरिक्ष अनुसंधान के क्षेत्र में हमारी प्रगति ने विश्व में हमारी प्रतिष्ठा को ही नहीं बनाया है बल्कि हमारे विकास और आर्थिक प्रगति के रास्ते खोल दिए हैं। प्रतिरक्षा के साज-समान और तकनीकी में हाल ही में हुए विकास के परिणाम स्वरूप सैनिक दृष्टि से हमने विश्व की बड़ी ताकतों में से एक का स्थान प्राप्त कर लिया है।


बहुत सी बहुउद्देशीय परियोजनाओं की स्थापना भारत के लिए वरदान साबित हुई है। संवाद वाहन और यातायात के साधनों में क्रांति आई है और उन्होंने भारत के जीवन में भी क्रांति मचा दी है। इन उपायों के कारण भारत ने अपने को अविकसित की दशा से निकालकर विकासशील अर्थव्यवस्था में प्रवेश किया है। उसकी संपूर्ण राष्ट्रीय आय (जी एन पी) में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। इन सब के अतिरिक्त सरकार ने गाँवों से गरीबी दूर करने के लिए कदम उठाए हैं। एकीकृत ग्रामीण विकास कार्यक्रम¸ ट्राईसम¸ स्पेशल कंपोनेंट प्लान¸ प्रौढ़ शिक्षा कार्यक्रम और अन्य बहुत से कार्यक्रमों जिनका उद्देश्य रोजगार प्रदान करना और जनता के रहन-सहन के स्तर को ऊंचा उठाना है¸ ने ग्रामीण निर्धन¸ पद-दलित एवं निराश लोगों को एक नयी आशा प्रदान की है।


हाल ही में बेशुमार समृद्धि बहुत से लोगों को मिली है इतनी तीव्र गति से समृद्धि का आना पहले कभी नहीं देखा गया था। नवीन धनाढ्य लोगों के एक वर्ग का उदय हुआ जोकि उच्च स्तर का रहन सहन का स्तर बनाए हुए है। वह भारत को स्वतंत्रता प्राप्ति के समय साइकलों का आयात करता था। अब बहुत ही जटिल प्रकार की सामग्री अपने उद्योगों में बना रहा है। अनेक प्रकार की विलासिता युक्त कारें प्रत्येक सड़क पर देखी जा सकती हैं। बड़ी बड़ी आवासीय इमारतें प्रत्येक कस्बें और शहर में दर्शकों में भय और विस्मय पैदा करती हैं। बहुत से लोगों के लिए वायु यात्रा एक सामान्य सी बात हो गई है जबकि 1950 में राजनीतिज्ञ और बड़े उद्योगपति ही वायुयान से यात्रा करते थे। सभी क्षेत्रों में भारत उन्नत देशों के साथ सहज प्रतियोगिता कर रहा है जिसका श्रेय नियोजन को है। 

25.

Saman tuk wale shabdof kapade

Answer»

fhthf FZY tht

d

gh dh

ttrfr

26.

How to improve point immediately

Answer»

Your QUESTION is not CLEAR PLS POST a PROPER question

27.

In which architectural approach the nodes don't follow any consistent pattern

Answer»

Architectural engineers APPLY the technologies of science and  in the real world by designing BUILDINGS that enhance our standard of LIVING and improve our quality of life. They do this by combining building systems – structural, electrical, mechanical, lighting, acoustics and fire protection - into an integrated whole.An architectural PATTERN is a general, reusable solution to a commonly occurring problem in software architecture within a given context. Architectural pattern is similar to software design pattern but have a broader scope.

There are many recognized architectural patterns and STYLES, among them:

Blackboard architectural pattern,Client-server architectural pattern,Component-based architectural pattern,Data-centric architectural pattern,Event-driven (or implicit invocation) architectural pattern,Layered (or multilayered architecture) architectural pattern,Microservices architecturearchitectural pattern and Monolithic application architectural pattern

microservices architecture pattern does not follow consistent pattern among above given patterns.

28.

Apne Mata Pita ko ek anopcharik Patra likhiye Jisme Unse loktantra Mein matdan Ke mahatva Par Charcha karte huye Unhe Matdan ke liye prerit Kiya Hai

Answer»

**** In English



DEAR MOTHER and Father,



"I REQUEST your dear son to request you to vote in the elections to be held on 28.11.2018. Your vote is valuable, because the government chosen by your vote will also work with all the development work for our education. With this our future is connected. I am trying to build life through your upbringing, love, care. owe you one. Just want to SAY that this time you do not MISS voting, definitely do vote.



: Your Beloved Son.





**** In Hindi





पूज्य माता जी-पिता जी ,





“मैं आपका लाड़ला बेटा आपसे अनुरोध करता कि दिनांक 28.11.2018 को होने वाले चुनाव में आप वोट देने अवश्य जाएं। आपका वोट कीमती है, क्योंकि आपके वोट से ही जो सरकार चुनी जाएगी, वह सारे विकास कार्यों के साथ हमारे शिक्षा के लिए भी कार्य करेगी। इससे हमारा भविष्य जुड़ा है। आपके लालन-पालन, प्यार, देखभाल से ही मैं जीवन को गढ़ने का प्रयास कर रहा हूं। आपका ऋणी हूं। सिर्फ इतना कहना चाहता हूं कि इस बार आप वोट देने से न चूकें, मतदान करने जरूर जाएं।



: आपका प्यारा बेटा ।

29.

Poem on power of unity in Hindi for class 6

Answer»

is it PERFECT ANSWER

30.

About Varsha ritu ki hawa in Hindi

Answer»

वर्ष ऋतु हमारे लिए ढेर सारी खुशियों की बौछार लेके आती है। भारत में वर्षा ऋतु एक बेहद ही महत्वपूर्ण ऋतु है। वर्षा ऋतु आषाढ़, श्रावण तथा भादो मास में मुख्य रूप से होती है। वर्षा ऋतु मुझे बहुत पसंद है। ये भारत के चार ऋतुओं में से मेरी सबसे प्रिय ऋतु है। यह गर्मी के मौसम के बाद आती है, जो साल की सबसे गर्म ऋतु होती है। भयंकर गर्मी, गर्म हवाएँ (लू), और तमाम तरह की चमड़े की दिक्कतों की वजह से मैं गर्मी के मौसम में काफी परेशान हो जाता हूँ। हालाँकि, सभी परेशानियाँ वर्षा ऋतु के आने के साथ ही दूर हो जाती है।

वर्षा ऋतु जुलाई (सावन) के महीने में आती है और तीन महीने तक रहती है। ये हर एक के लिये शुभ मौसम होता है और सभी इसमें खुशी के साथ ढेर सारी मस्ती करते है। इस मौसम में हम सभी पके हुये आम का लुत्फ उठाते है। वर्षा ऋतु में हम भारतीय बहुत सारे त्यौहारों को पूरे उत्साह के साथ मनाते है।

31.

What are the inventions of apj Abdul kalam

Answer»

He is KNOW as the MISSILE MAN of INDIA.

32.

Dr apt Abdul Kalama ji ke avishkar likhiye

Answer»

He is KNOW a MISSILE MAN of India
He INVENTED the missile.

33.

1to100Sanskrit toodia number

Answer»

1प्रथमःएकOne2द्वितीयःदोTwo3तृतीयः, त्रीणितीनThree4चतुर्थःचारFour5पंचमःपाँचFive6षष्टःछःSix7सप्तमःसातSeven8अष्टमःआठEight9नवमःनौNine10दशमःदसTen11एकादशःग्यारहEleven12द्वादशःबारहTwelve13त्रयोदशःतेरहThirteen14चतुर्दशःचौदहFourteen15पंचदशः, पञ्चदशपन्द्रहFifteen16षोड़शःसोलहSixteen17सप्तदशःसत्रहSeventeen18अष्टादशःअठारहEighteen19एकोनविंशतिः, ऊनविंशतिःउन्नीसNineteen20विंशतिःबीसTwenty21एकविंशतिःइक्कीसTwenty One22द्वाविंशतिःबाइसTwenty Two23त्रयोविंशतिःतेइसTwenty Three24चतुर्विंशतिःचौबीसTwenty Four25पञ्चविंशतिःपच्चीसTwenty Five26षड्विंशतिःछब्बीसTwenty Six27सप्तविंशतिःसत्ताईसTwenty Seven28अष्टविंशतिःअट् ठाईसTwenty Eight29नवविंशतिः, एकोनत्रिंशत्उनतीसTwenty Nine30त्रिंशत्तीसThirty31एकत्रिंशत्इकत्तीसThirty One32द्वात्रिंशत्बत्तीसThirty Two33त्रयस्त्रिंशत्तेतीसThirty Three34चतुर्त्रिंशत्चौतीसThirty Four35पञ्चत्रिंशत्पैंतीसThirty Five36षट्त्रिंशत्छत्तीसThirty Six37सप्तत्रिंशत्सैंतीसThirty Seven38अष्टात्रिंशत्अड़तीसThirty Eight39ऊनचत्वारिंशत्, एकोनचत्वारिंशत्,उनतालीसThirty Nine40चत्वारिंशत्चालीसForty41एकचत्वारिंशत्इकतालीसForty One42द्वाचत्वारिंशत्बियालीसForty Two43त्रिचत्वारिंशत्तेतालीसForty Three44चतुश्चत्वारिंशत्चबालीसForty Four45पंचचत्वारिंशत्पैंतालीसForty Five46षट्चत्वारिंशत्छियालीसForty Sic47सप्तचत्वारिंशत्सैंतालीसForty Seven48अष्टचत्वारिंशत्अड़तालीसForty Eight49एकोनपञ्चाशत्, ऊनचत्वारिंशत्उडनचासForty Nine50पञ्चाशत्पचासFifty51एकपञ्चाशत्इकक्यावनFifty One52द्वापञ्चाशत्बाबनFifty Two53त्रिपञ्चाशत्तिरेपनFifty Three54चतुःपञ्चाशत्चौबनFifty Four55पञ्चपञ्चाशत्पच्पनFifty Five56षट्पञ्चाशत्छप्पनFifty Six57सप्तपञ्चाशत्सत्तावनFifty Seven58अष्टपञ्चाशत्अट् ठावनFifty Eight59एकोनषष्टिः, ऊनषष्टिःउनसठFifty Nine60षष्टिःसाठSixty61एकषष्टिःइकसठSixty One62द्विषष्टिःबासठSixty Two63त्रिषष्टिःतिरेसठSixty Three64चतुःषष्टिःचौसठSixty Four65पंचषष्टिःपैसठSixty Five66षट्षष्टिःछियासठSixty Six67सप्तषष्टिःसडसठSixty Seven68अष्टषष्टिःअडसठSixty Eight69एकोनसप्ततिः, ऊनसप्ततिःउनहत्तरSixty Nine70सप्ततिःसत्तरSeventy71एकसप्ततिःइकहत्तरSeventy One72द्विसप्ततिःबहत्तरSeventy Two73त्रिसप्ततिःतिहत्तरSeventy Three74चतुःसप्ततिःचौहत्तरSeventy Four75पंचसप्ततिःपिचत्तरSeventy Five76षट्सप्ततिःछियत्तरSeventy Six77सप्तसप्ततिःसतत्तरSeventy Seven78अष्टसप्ततिःअठत्तरSeventy Eight79नवसप्ततिः, एकोनाशीतिः, ऊनाशीतिःउनयासीSeventy Nine80अशीतिःअस्सीEighty81एकाशीतिःइक्यासीEighty One82द्वाशीतिःबियासीEighty Two83त्रयाशीतिःतिरासीEighty Three84चतुराशीतिःचौरासीEighty Four85पंचाशीतिःपिच्चासीEighty Five86षडशीतिःछियासीEighty Six87सप्ताशीतिःसत्तासीEighty Seven88अष्टाशीतिःअट् ठासीEighty Eight89नवाशीतिः,एकोननवतिः,ऊननवतिःनवासीEighty Nine90नवतिःनब्बेNinety91एकनवतिःइक्यानवेNinety One92द्वानवतिःबानवेNinety Two93त्रिनवतिःतिरानवेNinety Three94चतुर्नवतिःचौरानवेNinety Four95पंचनवतिःपिचानवेNinety Five96षण्णवतिःछियानवेNinety Six97सप्तनवतिःसतानवेNinety Seven98अष्टनवतिः, अष्टानवतिःअठानवेNinety Eight99नवनवतिः, एकोनशतम्, ऊनशतम्निन्यानवेNinety Nine100शतम्, एकशतम्

34.

Parikshaen honi chaiye ya nhi

Answer»

Hmm honi chhahye TAKI hme pta CHALE Ki hmne KITNA padha H. Aur h limited exam hone chhahye. taki stress na ho

35.

What is the meaning of bantan hindi word meaning in hindi?

Answer»

it means distribution...baantna bantan etc

वितरण

distribution, delivery, dispensation, dealing

विभाजन

partition, DIVISION, SPLIT, segmentation, separation, distribution

विस्तार

detail, expansion, breadth, SPREAD, elaboration, distribution

फैलाव

dispersion, spread, dilation, expansion, PREVALENCE, distribution

बंटाई

Distribution

व्याप्ति

coverage, perfusion, Distribution, extension, Generalisation, permeance

टाइप वितरण

Distribution

36.

Bhagvaan vishnu ke pita ka naam

Answer»

LORD VISHNU is the PART of Lord SHIVA and the father of Lord Shiva is Brahma .Therefore,father of Lord Vishnu is also Lord Brahma.



Hope it will help you.


37.

Dialogue of advantages and disadvantages of mobile phones in hindi

Answer»

आज की दुनिया में सभी मकई या मोबाइल फोन के डेमेट का विस्तार अध्ययन।


मोबाइल फोन क्या है?
इसमें कई नाम हैं जैसे सेल फोन, मोबाइल फोन, स्मार्ट फोन या टेलीफोन। यह एक पोर्टेबल देवी है

38.

Father bank account name son transfer

Answer»

HEY MATE
It's TRANSLATION WOULD be पिताजी के खाते में से पुत्र को राशि प्रदान की गई है |

39.

Rumali roti ki vishesta

Answer»

Rumali Roti vhohut PATLI aur rumal KI tarah HOTI H....use bohut belna parta h.....

40.

Paragraph on 'प्रदूषण:एक समस्या '(In about 100-110 words).

Answer»

प्रदूषण की समस्या आज मानव समाज के सामने खड़ी सबसे गंभीर समस्याओं में से एक है | पिछले कुछ दशकों में प्रदूषण जिस तेजी से बढ़ा है उसने भविष्य में जीवन के अस्तित्व पर ही प्रश्नचिन्ह लगाना शुरू कर दिया है | संसार के सारे देश इससे होनेवाली हानियों को लेकर चिंतित है | संसार भर के वैज्ञानिक आए दिन प्रदूषण से संबंधित रिपोर्ट प्रकाशित करते रहते हैं और आनेवाले खतरे के प्रति हमें आगाह करते रहते हैं |आज से कुछ दशकों पहले तक कोई प्रदूषण की समस्या को गंभीरता से नहीं लेता था | प्रकृति से संसाधनों को प्राप्त करना मनुष्य के लिए सामान्य बात थी | उस समय बहुत कम लोग ही यह सोच सके थे कि संसाधनों का अंधाधुंध उपयोग हानि भी पहुँचा सकता है | हम जितना भी प्रकृति से लेते, प्रकृति उतने संसाधन दोबारा पैदा कर देती | ऐसा लगता था जैसे प्रकृति का भंडार असीमित है, कभी ख़त्म ही नहीं होगा | लेकिन जैसे-जैसे जनसंख्या बढ़ने लगी, प्राकृतिक संसाधनों का दोहन बढ़ता गया |

41.

Please mere questuon solve kar do koi

Answer» QUESTION TYPE KARO .....
42.

WfahcV fdmr jaruri kaum lanka

Answer»

What is QUESTION..................

43.

Company me beg lana mana h

Answer»

Why???
PLEASE GIVE ANSWER

44.

The ratio of 5kg 55gm to 35kg 50gm

Answer» GET your ANSWER here.....
45.

Examples for Hindi prefix 'ka'

Answer»

अधपका it MEANS HALF COOKED

46.

Anucheda lekhan in Hindi on Sarvadharma Samabhava.

Answer»

Hame Sada Satya bolna chahiye. Prentu samaj mein kqi LOG AISE Bhi Hai Jo jhooth parhi aaasrit HOTE HAIN.

47.

. Information about tiger in Hindi in more detail

Answer»

बाघ जंगल में रहने वाला मांसाहारी स्तनपायी पशु है। यह अपनी प्रजाति में सबसे बड़ा और ताकतवर पशु है। यह तिब्बत, श्रीलंका और
अंडमान निकोबार द्वीप-समूह को छोड़कर
एशिया के अन्य सभी भागों में पाया जाता है। यह भारत , नेपाल , भूटान , कोरिया,
अफगानिस्तान और इंडोनेशिया में अधिक संख्या में पाया जाता है। इसके शरीर का रंग लाल और पीला का मिश्रण है। इस पर काले रंग की पट्टी पायी जाती है। वक्ष के भीतरी भाग और पाँव का रंग सफेद होता है। बाघ १३ फीट लम्बा और ३०० किलो वजनी हो सकता है। बाघ का वैज्ञानिक नाम पेंथेरा टिग्रिस है। यह भारत का राष्ट्रीय पशु भी है। बाघ शब्द संस्कृत के व्याघ्र का तदभव रूप है।
इसे वन, दलदली क्षेत्र तथा घास के मैदानों के पास रहना पसंद है। इसका आहार मुख्य रूप से
सांभर , चीतल , जंगली सूअर, भैंसे जंगली हिरण ,
गौर और मनुष्य के पालतू पशु हैं। अपने बड़े वजन और ताकत के अलावा बाघ अपनी धारियों से पहचाना जा सकता है। बाघ की सुनने, सूँघने और देखने की क्षमता तीव्र होती है। बाघ अक्सर पीछे से हमला करता है। धारीदार शरीर के कारण शिकार का पीछा करते समय वह झाड़ियों के बीच इस प्रकार छिपा रहता है कि शिकार उसे देख ही नहीं पाता। बाघ बड़ी एकाग्रता और धीरज से शिकार करता है। यद्यपि वह बहुत तेज रफ्तार से दौड़ सकता है, भारी-भरकम शरीर के कारण वह बहुत जल्द थक जाता है। इसलिए शिकार को लंबी दूरी तक पीछा करना उसके बस की बात नहीं है। वह छिपकर शिकार के बहुत निकट तक पहुँचता है और फिर एक दम से उस पर कूद पड़ता है। यदि कुछ गज की दूरी में ही शिकार को दबोच न सका, तो वह उसे छोड़ देता है। हर बीस प्रयासों में उसे औसतन केवल एक बार ही सफलता हाथ लगती है क्योंकि कुदरत ने बाघ की हर चाल की तोड़ शिकार बननेवाले प्राणियों को दी है। बाघ सामान्यतः दिन में चीतल, जंगली सूअर और कभी-कभी गौर के बच्चों का शिकार करता है। बाघ अधिकतर अकेले ही रहता है। हर बाघ का अपना एक निश्चित क्षेत्र होता है। केवल प्रजननकाल में नर मादा इकट्ठा होते हैं। [4] लगभग साढ़े तीन महीने का गर्भाधान काल होता है और एक बार में २-३ शावक जन्म लेते हैं। बाघिन अपने बच्चे के साथ रहती है। बाघ के बच्चे शिकार पकड़ने की कला अपनी माँ से सीखते हैं। ढाई वर्ष के बाद ये स्वतंत्र रहने लगते हैं। इसकी आयु लगभग १९ वर्ष होती है।

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48.

Whichof the following from an Ap? 1,1,2,2,3,.......0.3,0.33,0.333,....√2,2,2√2,4,.....7,7+√2,2√2,7+3√2,.....

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Primary SchoolSociology 5+3 pts



Information about mahatma Gandhi

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by Abhijith211 17.07.2017

Answers


Shobana13

Shobana13 Maths AryaBhatta

*Mahatma Gandhi's name is Mohandas Karamchand Gandhi

*He was born on October 2 1869 in PORBANDAR, Gujarat

*He was the leader of Indian independence movement during British rule

*He STRUGGLED a lot for the independence

*His spouse was Kasturi Bhai Gandhi

*He use to call the lower caste children as "Harijan"

* He died on 30th January,1948

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Brainly User

Mohandas karamchand gandhi was the leader. of the indian independence movement against british rule . in india he is also called bapu . he was born on 2 october 1869 and died on 30 january 1948 . he was studied at university college london . his occupation was lawyer , politician , writer , activitist . he was known for indian independence movement and peace movement his political PARTY was indian national congress. his father name was karamchand gandhi and mother naame wad putlibai gandhi . he was born in a hindu merchant caste family in coastal gujarat , western india . mahatma gandhi's birthday is on 2 october , commemorated in india as " gandhi jayanti " a national holiday world wide as the international DAY of non violence .....

hope it helps u....

49.

Ncert 7th Hindi chapter twelve summary

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Which CHAPTER is this???????

50.

Anucheda lekhan in Hindi on 'Sarvadharma Samabhava'

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ND

धर्म की प्रासंगिकता एक व्यक्ति की मुक्ति में ही नहीं है। धर्म की प्रासंगिकता एवं प्रयोजनशीलता शान्ति, व्यवस्था, स्वतंत्रता, समता, प्रगति एवं विकास से सम्बन्धित समाज सापेक्ष परिस्थितियों के निर्माण में भी निहित है। 

धर्म का सम्बन्ध आचरण से है। धर्म आचरणमूलक है। दर्शन एवं धर्म में अन्तर है। दर्शन मार्ग दिखाता है, धर्म की प्रेरणा से हम उस मार्ग पर बढ़ते हैं। हम किस प्रकार का आचरण करें- यह ज्ञान दर्शन से प्राप्त होता है। जिस समाज में दर्शन एवं धर्म में सामंजस्य रहता है, ज्ञान एवं क्रिया में अनुरूपता होती है, उस समाज में शान्ति होती है तथा सदस्यों में परस्पर मैत्री-भाव रहता है। 

भारत वर्ष में दर्शन और चिन्तन के धरातल पर जितनी विशालता, व्यापकता एवं मानवीयता रही है, उतनी आचरण के धरातल पर नहीं रही। जब चिन्तन एवं व्यवहार में विरोध उत्पन्न हो गया तो भारतीय समाज की प्रगति एवं विकास की धारा भी अवरुद्ध हो गई। दर्शन के धरातल पर उपनिषद् के चिन्तकों ने प्रतिपादित किया कि यह जितना भी स्थावर जंगम संसार है, वह सब एक ही परब्रह्म के द्वारा आच्छादित है। 

उन्होंने संसार के सभी प्राणियों को 'आत्मवत्‌' मानने एवं जानने का उद्‍घोष किया, मगर सामाजिक धरातल पर समाज के सदस्यों को उनके गुणों के आधार पर नहीं अपितु जन्म के आधार पर जातियों, उपजातियों, वर्णों, उपवर्णों में बाँट दिया तथा इनके बीच ऊँच-नीच की दीवारें खड़ी कर दीं। 

धर्म साधना की अपेक्षा रखता है। धर्म के साधक को राग-द्वेषरहित होना होता है। धार्मिक चित्त प्राणिमात्र की पीड़ा से द्रवित होता है। तुलसीदास ने कहा- 'परहित सरिस धरम नहीं भाई, परपीड़ा सम नहिं अधमाई'। सत्य के साधक को बाहरी प्रलोभन अभिभूत करने का प्रयास करते हैं। मगर वह एकाग्रचित्त से संयम में रहता है। प्रत्येक धर्म के ऋषि, मुनि, पैगम्बर, संत, महात्मा आदि तपस्वियों ने धर्म को अपनी जिन्दगी में उतारा। उन लोगों ने धर्म को ओढ़ा नहीं अपितु जिया। साधना, तप, त्याग आदि दुष्कर हैं। ये भोग से नहीं, संयम से सधते हैं। धर्म के वास्तविक स्वरूप को आचरण में उतारना सरल कार्य नहीं है। महापुरुष ही सच्ची धर्म-साधना कर पाते हैं। 

इन महापुरुषों के अनुयायी जब अपने आराध्य-साधकों जैसा जीवन नहीं जी पाते तो उनके नाम पर सम्प्रदाय, पंथ आदि संगठनों का निर्माण कर, भक्तों के बीच आराध्य की जय-जयकार करके अपने कर्तव्य की इतिश्री मान लेते हैं। अनुयायी साधक नहीं रह जाते, उपदेशक हो जाते हैं। ये धार्मिक व्यक्ति नहीं होते, धर्म के व्याख्याता होते हैं। इनका उद्देश्य धर्म के अनुसार अपना चरित्र निर्मित करना नहीं होता, धर्म का आख्यान मात्र करना होता है। जब इनमें स्वार्थ-लिप्सा का उद्रेक होता है तो ये धर्म-तत्वों की व्याख्या अपने स्वार्थों की पूर्ति के लिए करने लगते हैं।


धर्म की आड़ में अपने स्वार्थों की सिद्धि करने वाले धर्म के दलाल अथवा ठेकेदार अध्यात्म सत्य को भौतिकवादी आवरण से ढँकने का बार-बार प्रयास करते हैं। इन्हीं के कारण चित्त की आन्तरिक शुचिता का स्थान बाह्य आचार ले लेते हैं। पाखंड बढ़ने लगता है। कदाचार का पोषण होने लगता है। जब धर्म का यथार्थ अमृत तत्व सोने के पात्र में कैद हो जाता है तब शताब्दी में एकाध साधक ऐसे भी होते हैं जो धर्म-क्रान्ति करते हैं, धर्म के क्षेत्र में व्याप्त अधार्मिकता एवं साम्प्रदायिकता पर प्रहार कर, उसके यथार्थ स्वरूप का उद्‍घाटन करते हैं। 

मध्य युग में धर्म के बाह्य आचारों एवं आडम्बरों को सन्त कवियों ने उजागर किया। सन्त नामदेव ने 'पाखण्ड भगति राम नही रीझें' कहकर धर्म के तात्विक स्वरूप की ओर ध्यान आकृष्ट किया तो कबीर ने 'जो घर फूँके आपना, चले हमारे साथ' कहकर साधना-पथ पर द्विधारहित एवं संशयहीन मनःस्थिति से कामनाओं एवं परिग्रहों को त्यागकर आगे बढ़ने का आह्वान किया। पंडित लोग पढ़-पढ़कर वेदों का बखान करते हैं, किन्तु इसकी सार्थकता क्या है? जीवन की चरितार्थता आत्म-साधना में है और ऐसी ही साधना के बल पर दादूदयाल यह कहने में समर्थ हो सके कि 'काया अन्तर पाइया, सब देवन को देव'। 

दर्शन के धरातल पर हमें प्रतिपादित करना होगा कि धर्म न कहीं गाँव में होता है और न कहीं जंगल में बल्कि वह तो अन्तरात्मा में होता है। अन्तरात्मा के दर्शन एवं परिष्कार से कल्याण सम्भव है। शास्त्रों के पढ़ने मात्र से उद्धार सम्भव नहीं है। यदि चित्त में राग एवं द्वेष है तो समस्त शास्त्रों में निष्णात होते हुए भी व्यक्ति धार्मिक नहीं हो सकता। क्या किसी 'परम सत्ता' एवं हमारे बीच किसी 'तीसरे' का होना जरूरी है? क्या लौकिक इच्छाओं की पूर्ति के लिए ईश्वर के सामने शरणागत होना ही अध्यात्म साधना है?