1.

संगठन किसे कहते हैं ? आधुनिक युग में इसका क्या महत्त्व है ?याउत्पादन प्रक्रिया में संगठन की भूमिका बताइए।

Answer»

उत्पादन के विभिन्न उपादानों को उचित व आदर्श अनुपात में जुटाकर अधिक उत्पादन करने के कार्य को संगठन कहा जाता है और जो व्यक्ति इस कार्य को सम्पादित करता है, उसे संगठनकर्ता, प्रबन्धक़ या व्यवस्थापक कहते हैं। संक्षेप में, जो व्यक्ति संगठन का कार्य करता है, उसे संगठनकर्ता कहते हैं।

संगठन का महत्त्व –

  1. आधुनिक युग में बड़े पैमाने के उत्पादन, श्रम-विभाजन आदि के कारण उत्पादन प्रणाली अत्यन्त जटिल हो गयी है। इस कारण यह आवश्यक हो गया है कि उत्पत्ति के साधनों को उचित अनुपात में मिलाया जाए तथा उनमें प्रभावपूर्ण समायोजन स्थापित किया जाए जिससे कि न्यूनतम लागत पर अधिकतम उत्पादन किया जा सके। इस कार्य को संगठनकर्ता ही सम्पादित कर सकता है।
  2. वर्तमान समय में उत्पादन की कुशलता प्रबन्धक की योग्यता तथा कुशलता पर भी निर्भर होती है। यदि प्रबन्धक योग्य, ईमानदार तथा व्यवहारकुशल है, तब उत्पादन अधिक तथा श्रेष्ठ होगा, जिससे व्यवसाय में अधिकतम लाभ प्राप्त होगा।
  3. संगठनकर्ता का महत्त्व पूँजीवादी, समाजवादी तथा मिश्रित अर्थव्यवस्था सभी में बढ़ता जा रहा है।
  4. बिना उचित प्रबन्ध के बड़े पैमाने का उत्पादन कठिन ही नहीं, वरन् असम्भव भी है।

संक्षेप में हम कह सकते हैं कि प्रबन्धक ही वास्तव में उद्योगरूपी शरीर का मस्तिष्क अथवा उसकी जीवनदायिनी शक्ति है। बिना प्रबन्धक के उत्पादन-कार्य कठिन ही नहीं वरन् असम्भव भी है।



Discussion

No Comment Found