1.

नाथ तू अनाथ को, अनाथ कौन मोंसो?मो समान आरत नहि, आरतिहर तोसो॥

Answer»

तुलसी भगवान से कहते हैं कि जिनका संसार में कोई रक्षक नहीं है, उनकी रक्षा आप ही करते हैं। मेरे जैसा और कोई अनाथ नहीं है। इसलिए आपको हो मेरी रक्षा करनी होगी, मेरे समान कोई दुःखी नहीं है। अपने दुःख दूर करने के लिए मैं आपको ही पुकालमा, क्योंकि आपके समान दुखियों के दुःख हरनेवाला दूसरा कोई नहीं है।



Discussion

No Comment Found