1.

“बृहद अर्थशास्त्र एक ‘नूतन अर्थशास्त्र’ है ।” विधान की चर्चा कीजिए ।

Answer»

अर्थशास्त्र को स्पर्श करनेवाले बृहद (व्यापक) प्रश्नों के अध्ययन के सन्दर्भ में व्यापक विचारों (अभिगमों) को लॉर्ड कीन्स ने ‘नूतन अर्थशास्त्र’ के रूप में खूब प्रचलित और लोकप्रिय बनाया । आज जिसे बृहद अर्थशास्त्र के रूप में जाना जाता है. उसके कितने ही भागों को भूतकाल में मौद्रिक अर्थशास्त्र के रूप में जाना जाता था । आज जिसे नूतन अर्थशास्त्र कहते हैं प्राचीन काल में इसका अध्ययन मौद्रिक अर्थशास्त्र के रूप में किया जाता था ।



Discussion

No Comment Found