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-19. लखनऊ कार मरम्मत कम्पनी की स्थापना 1 जनवरी, 2018 को ₹ 10 लाख की अधिकृत पूँजी के साथ की गयी थी। यह पूँजी₹ 10 वाले 1,00,000 अंशों में विभक्त थी। कम्पनी ने आधे अंशों का निर्गमन किया। निर्गमन की शर्तों के अनुसार ₹ 2आवेदन-पत्र पर, ₹ 2 आबण्टन पर तथा ₹ 3 प्रथम याचना पर देय थे। कम्पनी को सभी निर्गमित अंशों पर आवेदन-पत्र राशितथा आबण्टन राशि यथासमय प्राप्त हो गयी। प्रथम याचना की दशा में मोहन सिंह नामक एक अंशधारी ने 1,500 अंशों कीप्रथम याचना राशि का भुगतान नहीं किया। शेष प्रथम याचना राशि प्राप्त हो गयी। साथ में श्याम सिंह माथुर नामक व्यक्ति नेअपने 1,000 अंशों पर पूर्ण भुगतान कर दिया। शेष याचनाएँ नहीं की गयीं।उपर्युक्त का लखनऊ कार मरम्मत कम्पनी के जर्नल में आवश्यक प्रविष्टियाँ कीजिए तथा साथ में चिट्ठा भी तैयार कीजिए।[उत्तर-अवशिष्ट याचना ₹ 4,500; अग्रिम याचना ₹ 3,000; चिठे का योग ₹ 3,48,500] |
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Answer» Answer: what is this FIRST explain clearly and ASK your QUESTION then only we can answer any questions Explanation: OK understand |
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